जिला समाज कल्याण अधिकारी राजेश चौधरी ने बताया कि अनुसूचित जाति, जनजाति, सामान्य वर्ग, पिछड़ा वर्ग और अल्पसंख्यक वर्ग के वंचित छात्रों के भुगतान के लिए शासन ने नई समयसारिणी जारी की है। इसके तहत शिक्षण संस्थानों को सात सितंबर तक मास्टर डाटा तैयार करना होगा। विश्वविद्यालय और एफिलिएटिंग एजेंसियां दो से आठ सितंबर तक फीस का सत्यापन करेंगी, जबकि जिला समाज कल्याण अधिकारी द्वारा यह सत्यापन तीन से नौ सितंबर तक किया जाएगा।
रिजल्ट अपडेट करने का काम तीन से दस सितंबर तक पूरा होगा। इसके बाद, रिजेक्ट या त्रुटिपूर्ण आवेदनों को सोलह से अट्ठारह सितंबर के बीच संस्था स्तर से सुधारा जा सकेगा।
अंत में, सत्रह से उन्नीस सितंबर तक पात्र छात्रों का डाटा आगे अग्रसारित किया जाएगा। समाज कल्याण अधिकारी ने सभी शिक्षण संस्थानों और छात्रों से तय समयसीमा के भीतर पूरी प्रक्रिया अनिवार्य रूप से पूरी करने को कहा है।
