जिला अस्पताल में साप्ताहिक टाइप-1 डायबिटीज क्लीनिक शुरू, हर बुधवार मिलेगा उपचार और फॉलोअप
बलौदाबाजार, 16 सितंबर 2026। बच्चों में पाए जाने वाले टाइप-1 डायबिटीज के बेहतर नियंत्रण एवं उत्कृष्ट स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से बुधवार को जिला अस्पताल में साप्ताहिक टाइप-1 डायबिटीज क्लीनिक का शुभारंभ किया गया। क्लीनिक के माध्यम से जिले के प्रभावित बच्चों को नियमित उपचार, जांच और फॉलोअप की सुविधा जिला अस्पताल में ही मिल सकेगी।
क्लीनिक में टाइप-1 डायबिटीज से ग्रसित बच्चों को चिकित्सकीय परामर्श के साथ काउंसलिंग भी दी जाएगी। बच्चों और उनके अभिभावकों को मधुमेह के बेहतर प्रबंधन, इंसुलिन के नियमित सेवन तथा स्वास्थ्य संबंधी आवश्यक सावधानियों के बारे में जानकारी दी जाएगी।
डब्ल्यूजेसीएफ के तकनीकी सहयोग से संचालित यह क्लीनिक प्रत्येक बुधवार को लगाया जाएगा। इससे बच्चों और उनके परिजनों को उपचार एवं फॉलोअप के लिए दूसरे शहरों में जाने की आवश्यकता कम होगी तथा जिला अस्पताल में निरंतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध हो सकेंगी।
जीवनभर इंसुलिन की आवश्यकता
टाइप-1 डायबिटीज में शरीर इंसुलिन का उत्पादन बहुत कम या लगभग बंद कर देता है, जिसके कारण रक्त में शुगर का स्तर बढ़ जाता है। इसके प्रबंधन के लिए नियमित इंसुलिन, ब्लड शुगर की जांच, संतुलित आहार, शारीरिक गतिविधि और चिकित्सकीय सलाह का पालन आवश्यक होता है। समय पर पहचान और उचित प्रबंधन से प्रभावित बच्चे सामान्य जीवन जी सकते हैं।
स्वास्थ्य अधिकारियों की रही मौजूदगी
क्लीनिक के शुभारंभ अवसर पर मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. राजेश अवस्थी, सिविल सर्जन डॉ. अशोक वर्मा, शिशु रोग विशेषज्ञ डॉ. के.के. टेम्भूरने, डीपीसी संजय कुमार, अस्पताल सलाहकार रीना सलूजा एवं डॉ. स्वाति शर्मा सहित स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी, नर्सिंग ऑफिसर एवं काउंसलर उपस्थित रहे।
— चाणक्य न्यूज़ इंडिया
संवाददाता: हिमांशु शुक्ला
बलौदाबाजार-भाटापारा
