मनीष मित्तल ब्यूरो चीफ लुधियाना की रिपोर्ट
लुधियाना वही है जहाँ समाज के अंतिम और पिछड़े व्यक्ति तक शिक्षा, विद्या और धर्म का लाभ पहुँचे ; संत अश्वनी बेदी जी महाराज
सिटी रिपोर्टर । लुधियाना ।
सिविल लाइंस श्री राम पार्क स्थित श्री राम शरणम् में चल रहे श्री रामायण ज्ञान यज्ञ में संत अश्वनी बेदी महाराज ने कहा कि श्री रामायण के माध्यम से पूज्य स्वामी सत्यानन्द जी महाराज ने स्पष्ट किया है कि सच्चा राज्य वही है जहाँ समाज के अंतिम और पिछड़े व्यक्ति तक शिक्षा, विद्या और धर्म का लाभ पहुँचे।
उन्होंने कहा कि श्रीराम ने समाज में मर्यादा और शुभ नियमों की स्थापना की। जो लोग असंस्कृत या भटके हुए थे, उन्हें श्रेष्ठ आचरण की ओर मोड़ा। उन्होंने ज्ञान, विद्या और धर्म का विस्तार किया तथा समाज के पिछड़े व उपेक्षित निकायों का उत्थान कर उन्हें सुधारा।
राजा श्री राम ने अनेक यज्ञ किए और दान-पुण्य के द्वारा यश अर्जित किया। अपने शुभ कर्मों के प्रभाव से उन्होंने संपूर्ण प्रजा को सुखी और समृद्ध बनाया। श्री राम के आदर्श केवल पूजनीय नहीं, बल्कि अनुकरणीय हैं। रीति, नीति और मर्यादा ही समाज को घोषित करते हैं।
श्री राम ने अपने पावन जीवन से मानव-रूपी खेती को हरा-भरा समृद्ध कर दिया। उन्होंने चारों ओर सुख और कल्याण के सागर प्रवाहित किए तथा समाज के संचालन हेतु सुंदर रीति-नीति और मर्यादा की सीमा का निर्माण किया।
राम-राज्य में धर्म और चरित्र सर्वोपरि थी। राजा श्री राम ने स्वयं मर्यादा पुरुषोत्तम के रूप में आचरण करके समाज के सामने सर्वोच्च उदाहरण प्रस्तुत किया। उनके राज्य में सत्य, निष्ठा और कर्तव्य-परायणता का बोलबाला था।
राम-राज्य में प्रजा सभी प्रकार के दुखों और कष्टों से मुक्त थी। वाल्मीकि रामायण और अन्य ग्रंथों के अनुसार, श्रीराम के शासन में प्रकृति भी अनुकूल थी। समय पर वर्षा होती थी, भूमि उपजाऊ थी और चारों तरफ सुख, शांति व स�

